20+Tips मन को शांत कैसे करे | man ko shant kaise kare | mind ko shant kaise kare

मन को शांत कैसे करे – मन को काबू मे करना या मन को स्थिर करना उतना आसन नही , आप ने ये मुहावरा जरुर सुना होगा- “पीपल पात सरस मन डोला ” , इसका अर्थ ये है की हमारा मन पीपल के पत्ते जैसा हल्का होता है जैसे पीपल का पत्ता इतना हल्का होता है की थोडी सी हवा के बहाव से हिलने लगता है ,वैसे ही हमारा मन भी होता है थोडे से विचलन से ही अपनी स्थिरिता खो देता है।

मन को शांत करने के कई तरीके है लेकिन आज हम कुछ प्रमुख तरीको पर चर्चा करेंगे ,इसे अपने जीवन मे उतारने के लिये आप को अपने दिनचर्या मे बदलाव लाना होगा, अगर आप इनका पूर्णतया पालन करते है तो आप अपने मन पर जरुर विजय पा सकते है मन और dimag ko shant kaise karen जरुरी बाते

man ko shant karne ke upay

  1. सुबह जल्दी उठे
  2. योगा और ध्यान करे
  3. ईश्वर की पूजा करे
  4. सकारात्मक विचार रखे
  5. ज्यादा ना सोचे
  6. खुद पर विश्वास रखे
  7. चेहरे पर खुशी रखे
  8. प्राकृत से जुडे रहे
  9. किसी से तुलना ना करे
  10. भविष्य की चिंता ना करे
  11. लोगो की मदद करे
  12. नसे का सेवन ना करे

1. सुबह जल्दी उठे

सुबह जल्दी उठे

सुबह जल्दी उठने के अनेको फायदे है ,सुबह जल्दी उठने वालो के लिये एक शब्द प्रयोग किया जाता है की ” सुबह जल्दी उठना मनुष्य को स्वस्थ, धनी और बुद्धिमान बनाता है” ये बात बिल्कुल सही है ,सुर्योदय होने से पहले उठने वाला व्यक्ति स्वस्थ्य ,धनी और बुध्दिमान होता है और एक खुशहाल जीवन के लिये man ko shant, स्वस्थ शरीर , धन और बुध्दिमत्ता का होना बहुत जरुरी है best poem in hindi

लेकिन आप को ध्यान देना होगा की आप को 8 घंटे की नीद भी लेना जरुरी है , अगर आप सुबह जल्दी नही उठ पाते तो आप पहले साम को जल्दी सो जाया करे और 2 से 4 दिन आप ऐलार्म की सहायता से उठे , उसके बाद आप स्वय से उठने लगेंगे ,अपने काम को और सरलतम बनाने के लिये हर कार्य का दिनचर्या बनाये और उसे फालो करे , man ko shant kaise rakhe

अगर आप सुबह 3:30 से 4 बजे के बीच उठते है तो ये समय सबसे अच्छा माना जाता है, अध्यात्मिक लोगो का कहना है, भोर 3:30 से भोर 4 बजे तक हमारे पृथ्वी पे सकारात्मक उर्जा का प्रवाह होता है, अगर इस समय योगा ध्यान या खुद पर चिंतन जैसे अन्य कार्य किया जाये तो, हम अपने परिणाम को जल्दी पा सकते है।

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2.योग और ध्यान

योगा और ध्यान करे

योग और ध्यान जीवन द्वारा प्राप्त एक प्राकृतिक दवा है योग और ध्यान के माध्यम से मन को शांत और स्थिर रखा जा सकता है अगर आप को किसी बीमारी से लड रहे है तो योग और ध्यान के माध्यम से उस पर काबू पाया जा सकता है योग और ध्यान आपको हर क्षेत्र मे उर्जा प्रदान करता है

योग और ध्यान के माध्यम से हम अपने जीवन को उच्चाइयो पर ले जा सकते है वेदो के अनुशार योग और ध्यान के माध्यम से ऐसी बीमारियों को ठीक किया जा सकता है जिनका उपचार आज के आधुनिक युग में सम्भव ही नहीं है।

जीवन मे आने वाली कठिनाइयो की बात करे तो इसका सारा श्रेय मन को अशांत रहने का कारण ज्ञात होगा अपने दिनचर्या मे योग और ध्यान को प्रतिदिन करने से आपकी शारीरिक और मानसिक क्षमता बढने लगती है जिसके परिणाम स्वरुप हम अपने मन को शांत ,बीमारी मुक्त जीवन , खुशहाल जीवन , इत्यादि जीवन मे हो रहे घटना का भरपूर्ण मजा लेने मे समर्थ रहते है

योग और ध्यान से हमारी इन्द्रियों और मांसपेशियों पर प्रभाव पडता है जो की हमारे मस्तिष्क में सकारात्मक ऊर्जा पैदा करते हैं। मन को शांत रखता है , योग के और अधिक जानकारी के लिये योगा पर क्लिक करे man ko kaise shant rakhe आगे पढे

3.ईश्वर की पूजा करे

ईश्वर की पूजा करे

ईश्वर की पूजा करना अनिवार्य है ,ईश्वर की पूजा करने से हमारा मन शांत और मन मे सकारात्मक विचार आते है , आप को ये जानना जरुरी है की आस्था के लिये परिमाण की जरुरत नही होती, अगर आप को कोइ बहकाये की ईश्वर नही होते इत्यादि बातो से तो आप उनसे जरुर कहे की आस्था के लिये परिमाण की जरुरत नही होती ,

अगर आप अपने दिनचर्या मे ईश्वर की पूजा प्रतिदिन करते है तो आप को अपने जीवन मे बदलाव देखेंगे ,आप हर वक्त सकारात्मक रहेंगे, जो की सम्पूर्ण जीवन के लिये बहुत जरुरी है।

जैसे – आप का मन शांत रहेगा , आप का मनोबल बढेगा , आप के अंदर सकारात्मक विचार प्रकट होंगे , खुद को आप उर्जावान महसूस करेंगे{ [मन को शांत कैसे करे या mind ko shant kaise kare

इसे भी देखे- DM ka Full Form in Hindi

4.सकारात्मक विचार रखे

सकारात्मक विचार रखे

जब आप नकारात्मक विचारों को सकारात्मक विचारों से बदल देंगे तो आपको अच्छे नतीजे मिलना शुरू हो जायेंगे। एक पुराना कहावत है जैसा आप सोचेंगे वैसा आप बन जायेंगे , इसका मतलब अगर आप सकारत्मक विचार रखते है तो आप सकारत्मक बनेगे लेकिन अगर आप नकारात्मक विचार रखेंगे तो वैसा ही बन जायेंगे ,

आप इस चौपाई को समझने की कोशिश करे , जाकी रही भावना जैसी, प्रभु मूरत देखी तिन तैसी, अर्थात जिसकी जैसी भावना होती है, उसे वैसी ही मूरत नज़र आती है। “भगवान उसकी मदद करता है जो खुद अपनी मदद करता है।”

सकारात्मक विचार भर से ही आपको अद्भुत बदलाव देखने को मिलेगा। अगर आप रोजामर्रा के जीवन मे सिर्फ अपने व लोगो के विचारो के प्रति सकारात्मक रहते है तो, जीवन मे अकल्पनीय बदलाव देखने को मिलेगा। { मन को शांत कैसे करे} या apne man ko shant kaise rakhe मे आगे

5.ज्यादा ना सोचे

ज्यादा ना सोचे

अगर आप अपने मन को शांत करना चाहते है तो सबसे पहले आप को ज्यादा सोचना बंद कर देना चाहिये उतना ही सोचे जितना काम हो खुद को फालतू के विचारो से दुर रखे , जितना ज्यादा हो सके चेहरे पर खुशी रखे ,तनाव से दुर रहे इसके लिये आप शारीरिक व्यायाम कर सकते है योग और ध्यान करे , पूजा करे इससे आप अपने मन को शांत कर पायेंगे ,

इसके कई कारण हो सकते है ,पहले आप अपने कारण को जानिये ,फिर उसका हल खोजिये निचे आप को कुछ कारण बताये गये है अगर वो कारण आप से जुडा हुआ है तो ,जरुर पढे ,अगर आप का कारण नही दिया हुआ है तो आप कमेंट मे अपने कारण बताइये ,हमारे एक्सपर्ट आप को जल्द ही जवाब देंगे,{मन को शांत कैसे करे}

दुसरो से तुलना ना करे

खुद को दुसरो से तुलना करते रहना मन को अशांत रखने का एक ये भी कारण हो सकता है आप दुसरो को देख कर सोचते होंगे मै छोटा हु, गरीब हु, मेरे पास ये नही वो नही इत्यादी क्या आप ने कभी सोचा की मै ऐसा क्यू हु, मै गरीब क्यू हू , अगर ये प्रश्न आप खुद से पुछेंगे तो आप उत्तर पायेंगे की इसके जिम्मेदार आप खुद है

किसी माहान व्यक्ति ने कहा है अगर आप गरीब पैदा हुये है तो ये आप के परिवार की गलती है लेकिन अगर आप 21 के उम्र तक गरीब है तो ये आप की गलती है ,इस विचार को सकारात्मक तरीके से सोचे और अपने कदमो को सफलता की ओर ले जाये,{मन को शांत कैसे करे}

भविष्य की चिंता ना करे

भविष्य की चिंता ना करे

अगर आप अपने भविष्य की चिंता छोड कर कार्य करते है तो आप के सफल होने के चांस ज्यादा है , आप को हमेशा अपने भविष्य की चिंता नही करते रहना है , आप ने लोगो के द्वारा सुना होगा ” कर्म करो फल की चिंता ना करो ” आप को अपने कर्म पर ध्यान देना होगा न की उसके परिणाम पर , होनी को कौन टाल सकता है ” इस शब्द से तो आप परिचित ही होंगे ,मेरा बस यही सुझाव है सकारात्मक विचार , ईश्वर पर आस्था , और योग / ध्यान के माध्यम से आप सफल हो सकते है ,

अगर अपने मन को शांत करना है तो सुविचार एक अच्छा माध्यम हो सकता है, इसे पढे Peace Quotes in hindi

मन का अशांत होने का कारण

man ko shant kaise kare या dimag ko shant kaise karen

  1. ज्यादा सोचना
  2. परिवार के मामलो के कारण
  3. समाज की वजह से
  4. प्यार की वजह से
  5. शिक्षा के कारण
  6. करियर चिंता
  7. दिमाक मे हमेशा आवाज सुनाई देते रहना
  8. खुद को दुसरो से तुलना करते रहना, जैसे- छोटा हु, गरीब हु, मेरे पास ये नही वो नही इत्यादी
  9. स्वास्थ्य की वजह से
  10. शारीरिक पीडा के कारण

ज्यादा सोचना बंद करे

सबसे पहले आप ज्यादा सोचना बंद करना होगा इससे तनाव बढता है , इसकी वजह से आप अपने किसी को काम अच्छे से फोकस नही कर पायेंगे ,और पढे

प्यार की वजह से

आप का मन प्यार की वजह से शांत नही रहता , क्योकी आप भी सोचते होंगे की हम दोनो एक कैसे होये , परिवार को कैसे समझाये , एक दुजे के बीना नही रह सकते इत्यादि ,तो मेरे दोस्त आप को बतादू पहले अपने करियर पर फोकस करो ना की प्यार पे ,

जितना विचार आप एक होने के लिये अपने मन मे लाते है अगर उतना विचार आप अपने करियर के लिये लाये तो आप जरुर सफल होंगे , और मेरा विश्वास मानिये जब आप सफल हो जायेंगे तब आप का प्यार भी मिल जायेगा और परिवार का प्यार भी -सच्चा प्रेम पर कविता पढे Love Poetry in Hindi

करियर चिंता

करियर की चिंता ना करे एक भाषा मे बोले तो कर्म करे फल की चिंता ना करे , अगर आप सकारात्मक विचार रखते है खुद को समझा कर ,मन को शांत करके जिंदगी जीते है तो , आप जरुर सफल होंगे

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View Comments (17)

  • Mera age 18 ka tha jab mein gaanja pina chalu kiya tha or usay bich mein pina chhod diya phir 22 saal ki umr se pina chalu kardiya or phir achank chhod diya isse mere mujhe ajib ajib khayal aane chalu ho gaye hain mein bahut jaada tnav mein raheta hu or mere man baar baar bhtak ta hain mein kisi kaam ko dhyan se nahi kar para or aaj 10 mahine hogaye hain gaanja pina chhod ke

    • Dear Rishi Singh
      कम उम्र मे गलत आदतो का होना संगत का असर होता है, ज्यादातर नसा जैसे अन्य क्रियाकलाप दोस्तो की देन होती है, क्योकि इस उम्र मे, जहाँ आप को पढाई या खेल कुद मे ध्यान देना चाहिये वहाँ आप नसे की लत मे है,
      उपाय - 1.अपने गलत दोस्तो थे दूरी बनाये, 2. सुबह जल्दी उठे, 3.आठ घण्टे की नीद ले, 4. योगा व ध्यान करे, 5. ईश्वर की पूजा करे, 5. खुद पर विश्वास रखे। अगर आप खुद को सही कामो मे व्यस्त रख सके तो ज्यादा बेहतर होगा ।
      \\धन्यवाद\\

        • धन्यवाद प्रवीण जी, जीवन से जुडे अन्य लेख भी अवश्य पढे। :)

    • rahul g tension kuch nahi hoga
      socho solution
      socho jaruri hai bhagwan har jagah shaant rahe jo jaruri wo karo khud ke baare me socho

  • Very nice bahut hi achchhi jankariya lagi padhakar man ko shant karane ke liye aapane bahut hi badhiya upay bataye hai

    • धन्यवाद सुदामा जी, हमारे द्वारा लिखित अन्य लेख अवश्य पढे,

  • प्रत्येक व्यक्ति को हर दिन कुछ समय धयान में लगाना चाहिए क्यों की धयान की मुद्रा में हमारा चित स्थिर होता है और नये विचारों को जन्म देता है. अतः धयान हमारे अंतर्मन को शुद्ध कर के नये विचारों को अंकुरित करने में सहायक है.

    • जी आप ने सही कहां, ध्यान करने वाले मनुष्य का जीवन अन्य मनुष्य के अपेक्षा अधिक खुशहाल व आनंदमय होता है।

  • I am krishan Bansiwal
    I want to study all time but I can not do that because my family members are quarrel with each other and making noise as the result I can not concentrate on my self work and study
    the most important thing is that I always think evil things but my mind does not want to do that so please search an Solutions of my problem and justify my results

    • bhai shant ho jaao negtivity se bachne ke aap ka shant mann hi kaam aayega or sab se thodi duri bnaao mehnat karo positve kaamyab logo ko follow karo

  • Mera naam Vaishali hai No. 4 or 7 chod kr..fir sabhi karno se mera man ashant rahata hai ghar me rahne ka man nhi krta chidchida pn uadashi kisi se bat bhi kr ne man nhi krta aisa lgta hai mar jaye koi solution bataye plz

    • शायद आपके दुख का मुख्य कारण दुसरो से अधिक उम्मिद करने से उत्पन्न हुआ है, मेरा सुझाव है की आप 21 दिन लगातार योगा व ध्यान क्रिया करे और सकारात्मक विचार रखे, इन 21 दिनो के भीतर आपके अंदर अकल्पनीय बदलाव होंगे। और हमे 21 दिनो बाद रिप्लाई करे, हम आपके लिये एक पुस्तक का सुझाव देंगे, लेकिन उससे पहले आपको योगा, ध्यान, सकारात्मक विचार रखना होगा :)